रविवार, फ़रवरी 04, 2018

रैथल उत्तरकाशी के बेहतरीन चित्र

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चित्रावली


26 जनवरी हमारा गणतंत्र दिवस - चम्बा में प्रभातफेरी करते बच्चे.


रैथल गाँव से पहले बिटिया रानी
हमारे सूत्रधार के साथ चुन्नू बाबू 
सुबह सुबह हमारे कमरे की खिड़की से दिखता सूर्योदय 

रैथल की सुबह श्रीमती जी 

बिटिया रानी

जंगल में एक जगह

जंगल में एक जगह

चुन्नू भाई

भाई राग अलापते हुए  

हमारा बेहतरीन ड्राइवर खेमचंद और मनीष जी



रणविजय सिंह एक शानदार शख्शियत. साथ ही बेजोड़ फोटोग्राफर. 
अक्षय जी के घर बर्थडे की दावत से पहले 

रणविजय जी अपने सनम को बड़ी नज़ाक़त से रखते हुए

मनीष जी "यह जीवन क्या है निर्झर है , मस्ती ही इसका पानी है" मन में गाते हुए. 

प्रशांत जी ..धन्यवाद सर आपने हमारे सेहत का ख़याल रखा 


दिवाकर जी लखनऊ वाले 

टोली

एक दुर्लभ तस्वीर

प्रशांत जी


अक्षय जी जिनके यहाँ हमने छोले भठूरे की दावत उड़ाई.

प्रशांत जी और अक्षय जी 

टोली टीले पर

खेमा,उदय सर,अक्षय जी, नरेंद्र जी और दिवाकर जी  

जमी हुयी नदी का आनंद नरेंद्र जी उठा रहे हैं.
कुछ जगह कैमरा अपने आप पलक झपका देता है 


नदी के नीचे से नदी का पुल

नदी में चुन्नू बाबू 

नदी में नटखट बिटिया 
मैं और मेरी परछाई आपस में बातें करते हैं..

पहाड़ों के दो धाकड़ - रणविजय जी और नरेंद्र जी 

उदय सर की तस्वीर जिसके लिए प्रशांत जी ने लिखा -
ये सारा जिस्म बोझ से दुहरा दुहरा हुआ होगा,
मैं सज़दे में नहीं था, आपको धोखा हुआ होगा.

लेकिन यक़ीन मानिये ये सज़दे से कम आनंदित करने वाला पल नहीं था.


स्नो मैन


अक्षय जी घर बर्थडे की दावत 

अक्षय जी घर बर्थडे की दावत 

अक्षय जी घर बर्थडे की दावत 

अक्षय जी, आपके कुंवर साहब को ढेर सारी बधाइयाँ और सुभाशीष !!




बंधुवर सभी को नमन एक शानदार साथ के लिए ..







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